NEET पेपर लीक और CBSE मूल्यांकन विवाद पर UKD का प्रदर्शन
केंद्रीय शिक्षा मंत्री का पुतला फूंका

देहरादून, 6 जून।
देश की परीक्षा प्रणाली में कथित अनियमितताओं और छात्रों के भविष्य से जुड़े मुद्दों को लेकर उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी) के मूल निवास-भू कानून प्रकोष्ठ ने शुक्रवार को देहरादून स्थित केंद्रीय कार्यालय में विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने NEET परीक्षा पेपर लीक प्रकरण और CBSE बोर्ड परीक्षाओं के मूल्यांकन में सामने आई कथित विसंगतियों के विरोध में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला दहन किया।

प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि हाल के वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और परीक्षा प्रबंधन से जुड़े विवादों ने देश की परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े कर दिए हैं। उनका कहना था कि बार-बार सामने आ रही ऐसी घटनाओं से लाखों छात्र-छात्राओं के भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है और मेहनत करने वाले विद्यार्थियों का मनोबल भी प्रभावित हो रहा है।
प्रकोष्ठ अध्यक्ष लूशुन टोडरिया ने कहा कि प्रतियोगी एवं बोर्ड परीक्षाओं की निष्पक्षता बनाए रखना केंद्र सरकार और संबंधित संस्थाओं की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि NEET पेपर लीक प्रकरण और परीक्षा प्रबंधन में हुई कथित चूकों की नैतिक जिम्मेदारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री को लेनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि इस मामले में जवाबदेही तय नहीं की गई तो उत्तराखंड क्रांति दल प्रदेशव्यापी आंदोलन चलाएगा।
यूकेडी के केंद्रीय महामंत्री देवचंद उत्तराखंडी ने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था लगातार चुनौतियों का सामना कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि NEET परीक्षा में पेपर लीक और CBSE मूल्यांकन प्रक्रिया से जुड़े विवादों ने शिक्षा मंत्रालय की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाने की आवश्यकता बताई।
प्रकोष्ठ के उपाध्यक्ष राकेश नेगी ने कहा कि CBSE मूल्यांकन कार्य को लेकर भी कई तरह के सवाल उठे हैं। उन्होंने मांग की कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
वक्ताओं ने केंद्र सरकार से परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार लागू करने, पेपर लीक मामलों के दोषियों को कठोर दंड देने तथा छात्रों के हितों की प्रभावी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि युवाओं के भविष्य से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जा सकती।
इस अवसर पर संगठन मंत्री प्रकाश भट्ट, महानगर अध्यक्ष शुभम नेगी, मीडिया प्रभारी दिनेश पंत, महिला प्रकोष्ठ की केंद्रीय उपाध्यक्ष संगीता सकलानी बहुगुणा, कार्यकारी जिला अध्यक्ष पौड़ी दीप्ति दूधपुरी, केंद्रीय प्रवक्ता प्रमोद काला, कल्पना सेमवाल, संगठन मंत्री महानगर मनोज भट्ट, शोभा रावत, कामना बिजल्वाण, लीला देवी, अमित भट्ट सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
प्रदर्शन के अंत में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने एक स्वर में कहा कि छात्रों के साथ न्याय और शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए उनका संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।



