अपराधउत्तराखण्डक्राइम

पिछले कुछ समय से उत्तराखण्ड में अपराध बढ़ता जा रहा है।

शांत प्रदेश की शांति पर लग गई है नजर।

उत्तराखण्ड/यूके साइबर न्यूज/2 फरवरी 2026

देहरादून के सबसे व्यस्त व्यापारिक क्षेत्र पलटन बाजार में स्थित मच्छी बाजार में दिनदहाड़े एक युवती की हत्या कर दी गई। 23 वर्षीय युवती (गुंजन/गुन्नू श्रीवास्तव) अपने घर से ड्यूटी के लिए जा रही थी, तभी आरोपी ने चापड़ से उसके गले पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। बताया जा रहा है कि आरोपी आकाश कुमार और युवती एक-दूसरे को पहले से जानते थे। युवती ने आरोपी से बातचीत बंद कर दी थी, जिससे नाराज होकर उसने इस वारदात को अंजाम दिया। युवती ने दो दिन पहले ही आरोपी के खिलाफ धमकी देने की शिकायत पुलिस में दर्ज कराई थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। घटना के विरोध में स्थानीय व्यापारियों ने बाजार बंद कर अपना रोष जताया।

उत्तराखंड, जिसे ‘देवभूमि’ के रूप में जाना जाता है, हाल के वर्षों में अपराध के बढ़ते ग्राफ को लेकर चर्चा में रहा है। पुलिस और राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो के आंकड़ों के साथ-साथ हालिया घटनाओं पर नजर डालें, तो राज्य में अपराध की प्रकृति में बदलाव आया है।

2025- 26 की कुछ प्रमुख आपराधिक घटनाएं इस प्रकार से हैं:- 

  1.  ऋषिकेश में स्थित एम्स (AIIMS) की एक महिला कर्मचारी की उसके पार्टनर द्वारा गोली मारकर हत्या कर दी गई। विवाद का कारण मकान और शादी बताया गया।
  2. देहरादून के विकासनगर में 12वीं की एक छात्रा की उसके चचेरे भाई ने अत्यंत क्रूरता से हत्या कर दी। इस घटना ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया था।
  3. देहरादून में त्रिपुरा के छात्र पर चाकू से हमला किया गया, जिसकी 17 दिन बाद अस्पताल में मौत हो गई। आरोप है कि छात्र ने जातिसूचक टिप्पणी का विरोध किया था।
  4. रविदास जयंती के अवसर पर शोभायात्रा के दौरान दो पक्षों में हिंसक झड़प हुई, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और कई घायल हुए।
  5. 2022 के बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड में जनवरी 2026 में मुख्यमंत्री ने सीबीआई जांच की सिफारिश की है, जो राज्य में महिला सुरक्षा और न्याय व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े करता रहा है। उपरोक्त हालिया कुछ घटनाएं है इसके अलावा कई घटनाएं ऐसी भी हैं जो प्रत्यक्ष रूप से सामने नहीं आती है। ऐसी घटनाएं दर्शाती है कि प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह विफल है, जिससे अपराधियों का हौसला दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है।

नशे की लत के कारण छोटी-छोटी बातों पर हिंसक घटनाएं और लूटपाट बढ़ रही है। तकनीकी रूप से उन्नत होते ठग अब रिटायर अधिकारियों और आम जनता को निशाना बना रहे हैं। बाहरी क्षेत्रों से आने वाले लोगों के सत्यापन में कमी भी एक कारण मानी जाती है।

UK Cyber News

Prem Padiyar

साइबर ठगी एवं डिजिटल अरेस्ट के कारण करोड़ों रुपयों की ठगी के मामले सामने आ रहे है, ये ठग अलग अलग माध्यम से लोगों को ठगते है। कभी पुलिस ऑफिसर बनकर, कभी कोरियर डिलीवरी बॉय बनकर, कभी बैंक कर्मचारी या कभी किसी सरकारी संस्थान के कर्मचारी बनकर, कभी ये राशन कार्ड / आधार कार्ड अपडेट तो कभी आयुष्मान कार्ड अपडेट के नाम पर लोगों को ठगते है, कभी मुसीबत में फंसे करीबी रिश्तेदार या दोस्त बनकर आमजन को ठगते हैं। इनसे बचने का एक मात्र तरीका जागरूकता है। इसके शिकार महिलाएं एवं बुजुर्ग ज्यादातर बनते है, हमारा उद्देश्य रहेगा कि समय समय पर आप लोगों तक साइबर क्राइम की जानकारी एवं सुरक्षा के उपाय पहुंचाया जाय, जिससे हर आदमी साइबर ठगी का शिकार होने से बच सके और अपनी गाढ़ी कमाई को बचा सके, साथ ही हमारी कोशिश रहेगी कि देश दुनिया की तमाम खबरें आप तक पहुंचाई जा सके।

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Report By UK Cyber News